section 22
विद्या परिषद् की सदस्यता
The Rashtriya Vidhi Sansthan Vishwavidyalaya Adhiniyam, 1997(1) विद्या परिषद् में निम्नलिखित सदस्य होंगे, अर्थात:- (एक) निदेशक जो उसका अध्यक्ष होगा; (दो) तीन व्यक्ति जो विख्यात शिक्षाविदों या विख्यात साहित्यिक व्यक्ति (मेन आफ लेटर्स) या विद्धत वृत्तियों के सदस्यों या प्रख्यात सामाजिक व्यक्तियों में से, जो संस्थान की सेवा में नही हैं साधारण परिषद् के परामर्श से अध्यक्ष द्वारा नामनिर्दिष्ट किए जाएंगे; (तीन) मध्यप्रदेश सरकार के विधि और विधायी कार्य विभाग का भारसाधक सचिव; (चार) राज्य विधिज्ञ परिषद् का एक नामनिर्दिष्टिती; (पांच) संस्थान के समस्त विभागाध्यक्ष; (छह) विभागाध्यक्षों से भिन्न समस्त आचार्य, यदि कोई हों; (सात) अध्यापन कर्मचारीवृन्द के दो सदस्य जो संस्थान के सह आचार्यों तथा सहायक आचार्यों के प्रतिनिधि होंगेहः (आठ) भारत की विधिज्ञ परिषद् (बार काउन्सिल ऑफ इंडिया) का एक नामनिर्दिष्टिती; परन्तु संस्थान का कोई कर्मचारी प्रवर्ग (दो) के अधीन नामनिर्दिष्ट किये जाने का पात्र नहीं होगा. (2) पदेन सदस्यों से भिन्न सदस्यों की पदावधि तीन वर्ष होगी: परन्तु प्रथम विद्या परिषद् की अवधि पांच वर्ष होगी.
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