section 19
कार्य परिषद् के सम्मिलन
The Rashtriya Vidhi Sansthan Vishwavidyalaya Adhiniyam, 1997(1) कार्य परिषद् का सम्मिलन तीन मास में कम से कम एक बार होगा। (2) कार्य परिषद् का अध्यक्ष कार्य परिषद के सम्मिलन की अध्यक्षता करेगा ओर उसकी अनुपस्थिति में उपस्थित सदस्य, सम्मिलन की अध्यक्षता करने के लिये अपने में से एक व्यक्ति को निर्वाचित करेंगे। (3) कार्य परिषद् के किसी सम्मिलन में उसके चार सदस्यों से गणपूर्ति होगी। (4) कार्य परिषद् के प्रत्येक सदस्य को एक मत देने का अधिकार होगा और यदि कार्य परिषद् द्वारा अवधारित किए जाने वाले किसी प्रश्न पर बराबर-बराबर मत हैं तो कार्य परिषद् के अध्यक्ष को या यथास्थिति, उस सम्मिलन की अध्यक्षता करने वाले सदस्य को उसके अतिरिक्त, एक निर्णायक मत होगा। (5) यदि कार्य परिषद् द्वारा तुरन्त कार्रवाई की जाना आवश्यक हो तो निदेशक, कार्य परिषद् के सदस्यों में कागज-पत्रों के परिचालन द्वारा कामकाज का संचालन किया जाना अनुज्ञात कर सकेगा। की जाने के लिये प्रस्तावित कार्रवाई तब तक नहीं की जाएगी जब तक कि कार्य परिषद के सदस्यों के बहुमत द्वारा उसकी सहमति नहीं दे दी जाती है। इस प्रकार की गई कार्रवाई की संसूचना कार्य परिषद् के समस्त सदस्यों को तुरन्त दी जाएगी संबंधित कागज-पत्र कार्य परिषद् के आगामी सम्मिलन में उसकी पुष्टि के लिये रखे जाएंगे।
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