Bare Act
Chapter III Chapter III
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25. Powers and duties of Competent Authority
Authorities under the Act
सक्षम पदािधकारी की शिक्तया ं एव ं कत्त र्वय :-
- (1) सक्षम पदािधकारी को िनम्निलिखत शिक्तया ं एव ं कत्त र्व्य होंग ेः- (क) सं ूवत्तर्क को अपाट र्मेंट िवल ेख के िनंपादन हेतु अितिरक्त समय की अन ुज्ञा दे ना; (ख) घोषणा, वचनबंध, िलिखतों, पट्टा िवलेखों, अपार्टर्मेंट के अन्तरण और ूबंधन संबंधी दःतावेज और उस पर िकए गए पृ ष्ठांकन तथा भाड़ा-बय-करार की ूमािणत ूितयां ूाप्त करना; (ग) रिजःशीकरण पदािधकारी को ूमाण-पऽ िनगर्त करने, अपाट र्मेट-बेता के पक्ष में िलखत िनंपािदत करने में असफल होने या िवलंब करने के िलए िवकासक, सं ूवत्तर्क, ःवामी पर शािःत अिधरोिपत करना; (घ) क्षितमःत सं पित्त की मरम्मती के िलए अपाट र्मेंट-ःवामी-सं गम को िनदेश दे ना, क्षितमःत/नष्ट सं पित्त को मरम्मत, पुनिन र्माण या पुनः बनाने के िलए सं गम को आगे समय दे ना ; (ड़) समुिचत िनद ेश िनगर्मन द्वारा, अिधिनयम, िनयमावली या उप-िविध के अधीन बाध्यता का अन ुपालन सं ूवत्तर्क, एवं अपाट र्मेंट-ःवामी-सं गम द्वारा सु िनिश्चत करना; (च) अिधिनयम, िनयमावली एव ं उप-िविधयों से सं गत िनद ेश, अपाटर्मेंट-ःवामी-सं गम को िनर्गत करना; (छ) कोई अन्य कृ त्य, िजसे सरकार द्वारा अिधसूचना द्वारा सक्षम पदािधकारी को सौंपे जाएं।
- (2) इस अिधिनयम के अधीन अपना कृ त्य िनवर्हन करने में सक्षम ूािधकारी को वाद-िवचरण करते समय िसिवल ूिबया सं िहता, 1908 के अधीन िसिवल न्यायालय की शिक्तया ं होंगी।
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26. Appellate Authority and Appeal
अपीलीय ूािधकार और अपील :-
- (1) ूमण्डल आयुक्त अपीलय ूािधकारी होंगे जो सक्षम ूािधकारी के आद ेश के िवरूद्ध अपील सुनेंगे।
- (2) इस अिधिनयम के अधीन, सक्षम ूािधकारी के िकसी आद ेश से व्यिथत कोई व्यिक्त, उसे आदेश संसू िचत होने से तीस िदनों के भीतर, यथा िविहत ूपऽ एवं रीित से, अपीलीय ूािधकार के समक्ष अपील कर सकेगा।
- (3) पक्षकारों एवं सक्षम पदािधकारी को सुने जाने का अवसर देने के पश्चात , अपीलीय ूािधकार सक्षम ूािधकारी के आदेश को या तो संपुष्ट, उपांतिरत या अपांःत करते हएु ऐसा आदेश पािरत कर सकेगा जै सा वह उिचत समझे तथा इसके कारणों को िलिखत रूप से अिभिलिखत करेगा। अपीलीय ूािधकार का आदेश अं ितम तथा िनश्चायक होगा।
- (4) अपने कृ त्यों का िनवर्हन करने में अपीलय ूािधकार को अपील िविनंचय करते समय िसिवल ूिबया सं िहता, 1908 के अधीन सभी शिक्तया ं ूाप्त होगी।
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27. Jurisdiction
अिधकािरता का वण र्नः- िकसी भी िसिवल न्यायालय को इस अिधिनयम या इसके अधीन बनायी गयी िनयमावली के अधीन उत्पन्न होने वाले मामले से संबंिधत िकसी ूश्न को महण या िविनश्चय करने की अिधकािरता नहीं होगी। अपील या पुनरीक्षण के अध्यधीन, सक्षम पदािधकारी द्वारा पािरत ूत्येक आदेशतथा अपीलीय ूािधकार द्वारा पािरत ूत्य ेक आद ेश अं ितम होगा।
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28. Control
िनयंऽण :- यिद कोई अपाटर्मेंट-ःवामी-सं गम, ूबंधक या ूबंधक बोडर् अपने कृ त्यों का अनुपालन नहीं कर रहा हो तो सक्षम ूािधकारी उस े सम ुिचत िनद ेश दे गा।
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29. No waiver of liability
दाियत्व का अिधत्यजन नहीं िकया जाना :- कोई भी अपाट र्मेंट ःवामी (पुरूष/मिहला) िकसी सामान्य क्षे ऽों एवं सु िवधाओं के उपयोग या उपभोग का अिधत्यजन अथवा अपने-अपन े अपाटर्मेंट का पिरत्याग करके सामान्य व्यय के िलए अपने-अपन े अंशदान के दाियत्व से अपन े आपको बरी नही कर सकेंगे।
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30. Transfer of liability etc
दाियत्व का अंतरण आिद :- िवबता या अं तरक द्वारा बेता या ूािप्तकत्तार् वसीयतदार या अन्य अं तिरती को, जै सी भी िःथित हो, िकसी अपाटर्मेंट की िबबी, वसीयत या अन्य अं तरण करने पर पश्चात वतीर् के अिधकार पर ूितकूल ूभाव डाले िबना िबबी, वसीयत या अं तरण के समय तक सामान्य व्यय के अपने-अपन े (पुरूष/मिहला) शे यर के िलए पूवर् वत्ती के िवरूद्ध सभी अं शदत्त िनधार्रण ूभारों के िलए पूवर् वत्तीर् के साथ पश्चातवतीर् भी संयुक्त रूप से एव ं पृ थक रूप से दायी होगा।
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31. Act to be binding on apartment owners
अपाटर्मेंट ःवािमयों पर अिधिनयम का बाध्यकारी होगाः- सभी अपाट र्मेंट ःवामी या ऐसे ःवािमयों का िकरायेदार, ःवािमयों एवं िकरायेदारों के कमर्चारीगण या कोई अन्य व्यिक्त, जो इस अिधिनयम के उपबंधों के अधीन सुपुदर् की गयी सं पित्त या उसके िकसी भाग का िकसी रीित से उपयोग करेंगे और वे इस (अिधिनयम के अध्यधीन) तथा इस अिधिनयम के उपबंधों के अनुशरण में अं गीकृत अपाटर्मेंट-ःवामी-सं गम की उपिविधयों एवं घोषणा के अध्यधीन होंगे। घोषणा या उपिविधयों के अनुसार अपाटर्मेंट-ःवामी-सं गम द्वारा िविधपूवर्क िकए गए सभी एकरारनामा िविनश्चय एवं अवधारण सभी अपाट र्मेंट ःवािमयों बाध्यकारी मान े जाय ेंगे।
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32. Removal of doubts
संदेह दूर करना :- दूर करने योग्य संदेह के लिए एतद्द्वारा यह घोषणा की जाती है कि सम्पत्ति अंतरण अधिनियम, 1882 के उपबंध, जहाँ तक इस अधिनियम के उपबंधों से असंगत न हो, प्रत्येक अपार्टमेन्ट, ऐसे अपार्टमेन्ट से अनुलग्न सामान्य क्षेत्रों एवं सुविधाओं तथा इसके अविभाजित हितों पर उसी प्रकार लागू होंगे जैसे वे किसी अचल सम्पत्ति के संबंध में लागू होते है तथा इस अधिनियम के उपबंध किसी संविदा में अंतर्विष्ट किसी बात के प्रतिकूल होते हुए भी प्रभावी होंगे।
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