section 37
राजय सरकार की नन ररीिण करिान रे की िक्तत.
The Mahatma Gandhi Institute of Governance and Social Sciences Act, 2023General202346 sections
Statutory text
- (1) राजम सरकार को संस् थान का, इसके भवनों,
प ु स् तकालमों, प्रमोगशालाओं, कामवशालाओं और उपस् करों सदहत उसकी परीक्षाओं, अध मापन और संस् थान द्वारा संचाशलत मा ककमे गमे ककसी अन म कामव का भी ऐसे व मजक्त मा व मजक्तमों द्वारा, जैसा वह िनदेशशत करे, िनरीक्षण करवाने का अिधकार होगा मा संस् थान के प्रशासन और ववत त से संसक् त ककसी मामले के संबंध में वह उसी रीित से जांच करवा सकेगी।
- (2) जहां राजम सरकार उप-धारा(1) के अधीन िनरीक्षण मा जांच करवाने का वविनश चम करती है, वहां वह िनदेशक के माधमम से उसकी स ू चना संस्थान को देगी और बोडव द्वारा नामिनददवटट कोई वमजक्त ऐसे िनरीक्षण मा जांच के दौरान संस्थान के प्रितिनिध के रुप में उपजस्थत रह सकेगा और उसके पास इस िनशमत त स ु ने जाने का अिधकार होगा।
- (3) उप-धारा (1) के अधीन िनरीक्षण मा जांच के शलए िनददट ट वमजक्त मा व मजक्तमों को समस् त वही शजक्तमां होंगी, जो शपथ पर साक्ष म लेने और साक्षक्षमों को हाजजर कराने और दस् तावेजों तथा भौितक वस् त ु ओं को पेश करने के शलए वववश करने के प्रमोजन के शलए, शसववल प्रकिमा संदहता, 1908 (1908 का केन द्रीम अिधिनमम सं. 5) के अधीन वाद का ववचारण करते समम शसववल न मामालम को होती हैं और दण् ड प्रकिमा संदहता, 1973 (1974 का केन द्रीम अिधिनमम सं. 2) की धारा 345 और 346 के अथावन तगवत उन हें शसववल न मामालम समझा जामेगा और उनके समक्ष की गमी कामववाही, भारतीम दण् ड संदहता, 1860 (1860 का केन द्रीम अिधिनमम सं. 45) की धारा 193 और 228 के अथावन तगवत न मािमक कामववादहमां समझी जामेंगी।
- (4) राज म सरकार ऐसे िनरीक्षण मा जांच के पररणाम के संदभव में िनदेशक को शलखेगी और िनदेशक, उस पर की जाने वाली कारववाई पर, राज म सरकार द्वारा प्रस् ताववत ऐसी सलाह के साथ राज म सरकार का दृजटटकोण बोडव को संस ू िचत करेगा।
- (5) िनदेशक ऐसे समम के भीतर-भीतर, जो िनमत ककमा जामे, की गमी मा की जाने के शलए प्रस् ताववत कारववाई की ररपोटव राज म सरकार को प्रस् त ु त करेगा।
भाग 4 (क) राजस् थान राज-पत्र, अगस् त 22, 2023 293
- (6) मदद संस् थान का कोई प्रािधकारी म ु जक्तम ु क् त समम के भीतर-भीतर राज म सरकार के समाधानप्रद रूप में कोई कारववाई नहीं करता है, तो वह ककसी ऐसे स् पट टीकरण, जो ऐसा प्रािधकारी प्रस् त ु त करे, पर ववचार करने के पश चात ् , ऐसे िनदेश जारी कर सकेगी, जैसा वह उिचत समझे, और ऐसा प्रािधकारी ऐसे िनदेशों का अन ु पालन करेगा।
- (7) राज म सरकार, उप-धारा (1) के अधीन बनवामी गमी प्रत मेक िनरीक्षण ररपोटव मा जांच और उप-धारा
- (5) के अधीन िनदेशक से प्राप त प्रत मेक संस ू चना और उप-धारा (6) के अधीन जारी प्रत मेक िनदेश और ऐसे िनदेश के अन ु पालन मा अनन ु पालन के संबंध में प्राप त प्रत मेक संस ू
चना की प्रितशलवप चेमरपसवन को भेजेगी।
Study data processing for this section.
PDF: pending for this language.